यूपी में ओलावृष्टि और अतिवृष्टि से प्रभावित किसानों को राहत राशि वितरित

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    यूपी में ओलावृष्टि और अतिवृष्टि से प्रभावित किसानों को राहत राशि वितरित

    21 जनपदों में ओलावृष्टि से 244.23 हेक्टेयर फसल की हुई क्षति

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    प्रभावित 286 किसानों को योगी सरकार ने दी ₹13.34 लाख से अधिक की सहायता

    17 जनपदों में अतिवृष्टि से 4053.11 हेक्टेयर फसल का हुआ नुकसान

    प्रभावित 9992 किसानों को सरकार की ओर से मिली ₹4.47 करोड़ से अधिक की राहत

    लखनऊ
     उत्तर प्रदेश में बीते दिनों खराब मौसम, आंधी और बारिश के चलते किसानों की फसलों को नुकसान हुआ है। इसका संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को फील्ड में उतरकर राहत कार्यों को तेज करने और लगातार निगरानी बनाए रखने के सख्त निर्देश दिए हैं।
    प्रदेश सरकार द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए प्रभावित किसानों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। ओलावृष्टि के कारण प्रदेश के 21 जनपदों में कुल 244.23 हेक्टेयर फसल क्षतिग्रस्त हुई है। इस आपदा से प्रभावित 286 किसानों को अब तक ₹13,34,217 की राहत राशि वितरित की जा चुकी है।
    वहीं, अतिवृष्टि (अधिक वर्षा) के चलते स्थिति अधिक गंभीर रही। प्रदेश के 17 जनपदों में 4053.11 हेक्टेयर क्षेत्र में फसलों को नुकसान पहुंचा है। इस दौरान कुल 14,207 किसान प्रभावित हुए, जिनमें से 9,992 किसानों को अब तक ₹4,47,24,779 की आर्थिक सहायता प्रदान की जा चुकी है।

    इसके अलावा, बीते दिनों (15 मार्च 2026 से 22 मार्च 2026 तक ) हुई बेमौसम भारी वर्षा से जनपद सहारनपुर के 5 गांवों में 11 हेक्टेयर फसल क्षति दर्ज की गई, जिसमें 44 किसान प्रभावित हुए हैं। जनपद ललितपुर की 3 तहसीलों में 1650.75 हेक्टेयर क्षेत्र में फसल क्षति दर्ज की गई है, जिसमें कुल 3142 किसान प्रभावित हुए हैं।
    राज्य सरकार द्वारा फसल क्षति का आकलन तेजी से कराया जा रहा है और पात्र किसानों को राहत पहुंचाने की प्रक्रिया को प्राथमिकता दी गई है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि शेष प्रभावित किसानों को भी शीघ्र सहायता राशि उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे अपनी आर्थिक स्थिति संभाल सकें और आगामी फसल की तैयारी कर सकें।
    राज्य सरकार की इस त्वरित राहत व्यवस्था से किसानों को बड़ी राहत मिली है। प्रशासन द्वारा लगातार निगरानी रखी जा रही है, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई भी प्रभावित किसान सहायता से वंचित न रह जाए।

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